
ऋषिकेश। श्री शंकराचार्य स्वामी माधवाश्रम जी महाराज की पावन स्मृति एवं संत परंपरा के संरक्षण में आयोजित अतिरुद्र महायज्ञ के पंचम दिवस पर वैदिक मंत्रोच्चार एवं विधि-विधान के साथ भगवान रुद्र का विशेष पूजन-अर्चन किया गया।
पंचम दिवस के मुख्य यजमान प्रसिद्ध व्यवसायी मुकेश शर्मा करनाल से विशेष रूप से सम्लित रहे, दंडी स्वामी अनिरुद्धानन्द तीर्थ जी के संकल्प से आयोजित यज्ञ के संयोजन ब्रह्मचारी केशव स्वरूप महाराज जी ने कहा कि यज्ञ केवल अग्नि में आहुति देने का नाम ही नहीं बल्कि मानव एवं जीव मात्र के कल्याण का कारक भी है,उन्होंने कहा कि भगवान को प्रसन्न करने का सबसे श्रेष्ठ साधन शास्त्रों पुराणों में यज्ञ ही बताया गया है, भगवत प्राप्ति के जितने भी साधन हैं उनमें विधि विधान से किया गया यज्ञ सर्व श्रेष्ठ है, उन्होंने कहा कि एक यज्ञ ही ऐसाहै कर्म है जिसमें एक छोटी सी चींटी से लेकर हर पशु पक्षी अन्न का ग्रहण करता है,श्रद्धापूर्वक किया गयायज्ञ लोककल्याण, राष्ट्र की सुख-समृद्धि कारक होता है,इस अवसर पर ब्रह्मचारी कल्याण स्वरूप जी कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल, पूर्व मुख्यमंत्री एवं भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष तीरथ सिंह रावत, ऋषिकेश विधायक प्रेम चंद्र अग्रवाल, कांगेस नेता जयेंद्र रमोला, राजपाल खरोला ने यज्ञ में पहुंच कर आशीर्वाद ग्रहण किया। यज्ञ के मुख्य आचार्य राकेश बहुगुणा, आचार्य गंगाराम व्यास, डॉक्टर जनार्दन प्रसाद कैरवान, जितेंद्र प्रसाद भट्ट,आचार्य शिव प्रसाद सेमवाल, कथा वाचक शिवस्वरूप नौटियाल, सुरकंडा डोली उपासक अजय विज्लवाण आचार्य नरेंद्र सकलानी, सुभाष डोभाल, आचार्य जयानंद सेमवाल मुंबई, अभिषेक शर्मा, सूरज बिजल्वाण, आचार्य शंकर भट्ट एवं आचार्य सुरेश पंत जीअवसर पर ट्रस्ट के ट्रस्टीगण संजय शास्त्री, शैलेंद्र मिश्रा, डॉ. राजेश नैथानी एवं एल. पी. पुरोहित उपस्थित रहे।

