देहरादून। ग्राम पंचायत सिद्धूवाला को उत्तराखंड की आदर्श ग्राम पंचायत बनाने के संकल्प के साथ ग्राम प्रधान “निधि गैरोला” ने क्षेत्र की मूलभूत समस्याओं के समाधान को लेकर सक्रियता तेज कर दी है। बरसात के दौरान जगह-जगह जलभराव, बंद पड़ी नालियों, दुकानों के आसपास जमा पानी तथा हॉस्टलों के आसपास कूड़ा-कचरा और गंदगी की समस्या को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागों से तत्काल कार्रवाई की मांग की गई है।
इसी क्रम में बुधवार को सिंचाई विभाग नलकूप के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने ग्राम पंचायत सिद्धूवाला के विभिन्न स्थानों का स्थलीय निरीक्षण किया। टीम ने बंद नालियों, जलभराव वाले स्थानों तथा हॉस्टलों के आसपास की स्थिति का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान सिंचाई विभाग की इंजीनियर “आरती फरसवान” ने बताया कि क्षेत्र में जहां-जहां नालियां बंद हैं और पानी का जमाव हो रहा है, वहां आवश्यक कार्यों के लिए जल्द ही एस्टिमेट तैयार किया जाएगा। उन्होंने कहा कि संबंधित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर प्रस्तावित कर समस्या के समाधान की दिशा में कार्रवाई की जाएगी।

वहीं प्रधान प्रतिनिधि “दिनेश गैरोला” ने बताया कि ग्राम पंचायत के विभिन्न हिस्सों में जलभराव और बंद नालियों की समस्या को चिह्नित कर संबंधित विभागों से सर्वे कराया गया है। बरसात समाप्त होते ही इन समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक कार्य शुरू कराने का प्रयास किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि सिद्धूवाला चौक से भाऊवाला जाने वाली सड़क के दोनों ओर नाली निर्माण के लिए लोक निर्माण विभाग से भी आग्रह किया गया है। विभाग की ओर से बरसात समाप्त होने के बाद नाली निर्माण शुरू कराने का आश्वासन मिला है। दोनों ओर नालियों के निर्माण से सिद्धूवाला मुख्य सड़क पर होने वाले जलभराव की समस्या से स्थानीय लोगों को काफी राहत मिलने की उम्मीद है।
ग्राम पंचायत का फोकस केवल जलभराव की समस्या तक सीमित नहीं है, बल्कि स्वच्छता, बेहतर जल निकासी और व्यवस्थित बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने पर भी है। प्रधान “निधि गैरोला” का संकल्प है कि विभिन्न विभागों के समन्वय से पंचायत की समस्याओं का चरणबद्ध समाधान कर सिद्धूवाला को उत्तराखंड की आदर्श ग्राम पंचायत के रूप में विकसित किया जाए।
नंदा न्यूज के लिए रिपोर्ट एवं संपादन।

